साद मे

जब आधा सास की अदर भरपूर भ()ददा की भरपूर ये()मियत है दुनिया के एक एक मे

तो आधे की ख़ाली बाधा की क्या ख़ाली न()सीयत गोदी मे


यह तो तु()हारा भगवन भी न जाने सीधे सास के सादे मे

आ-हा

हम(आ)रा आधे गोदी का सुर रखवाली ख़ाली माली खिलेगा
तुम-हारा आधा अपवित्र असुर भरपूर सास के अदर भिड़ेगा


गोदी के दिन रात का अपमान करने की तुम्हे कोई सजा नहीं मिलती
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सा-आ

बनावट की सास से ज़िन्दगी की दगियो की सजावट अदर ही भरपूर सजा की वाट एक एक आख़ेजी
और सास भी आधा जन्म डटी डालेगी दूसरो के एक-एक के लिये लाखो ली
मेरा अपना एक कहा का
बाहर का सपना सेक सलाह सा
भाली खट खर-वट खा


पूरी दुनिया सास के भरपूर दामाद के अदर एक-एक आराम से बैठी है
और यह भरोसा y-0-s in()id u-की के ऊपर पूरा है


पिछले क()मो का भूल भाते भय अदर
और आज के काम अदर आवारा भरपूर ख़ुशी आते सास के मन-दर

मुहूर्त ख़ाली

ख़ाली मुहूर्त हेख खे खलियुग खा दिन दायां


आधे ख़ाली गिन गिन अंदर बाँवरी बायां


रात भरपूर रू-गले दिनरैन ख़ाली दिलाया


आधे ही अड़ा ते अड़ाया ख़ाली खाया