भरपूर अकल देख के ही भरपूर को कदर का मद मद दिखावा आता है
तो gut गोदी की बूंदियो की चुपी की का दर कैसे
भरोगे ख़ाली इज़्ज़त का दारो-मदार
भरपूर अकल देख के ही भरपूर को कदर का मद मद दिखावा आता है
तो gut गोदी की बूंदियो की चुपी की का दर कैसे
भरोगे ख़ाली इज़्ज़त का दारो-मदार
दुनिया के धार्मिक स्थानों के अंदर नंगे पेरो का दिखावा करते है
और
gut गोदी के अंदर भरपूर जूतों के पेहरावे से सारा रोंदते है बूंदियो को
रोन-दे
भरपूर दुनिया की रौनके
gut गोदी में अकेले जन्म लेने से
अकेली गोदी में अकेली gut मईया की
शक्ति रूपेण शत शत
स्वरूपं सम्पूर्ण स्थान
आधे gut मईया के आधे है
तो रा-आधे हुए न
ऐसे लिए तो
रा-धे to()tal आधा-आधे है
गोदी के ख़ाली पन्नो पर पणमृत है
gut मईया की पहचानी ख़ाली
निशानी कैसी होती है
आधे की
जैसी तैसी नस्सी
वैसी ऐसी
सास के दामाद में क्या हो रहा है
भरपूर को पूरा प्यार पता पारा है
gut गोदी की ख़ाली बात सारे
पते पते को अनुमान सारा
आधे-()स्सु तो ख़ाली सूखे साढ़े है
भपूर आधा-आधा तो रूखे ()रडे है
y in()id u @r s_out-ing in/out _oud
is gut alone mother nature
un()not _is10ing
wit()in chi_d
छूअेरे छोरे छी छत छाया छाट छावे
की
छाट छत छो छू छावे
छा छा छा छाट छुआरे
भरपूर बचे अच्छे भी नहीं बैठा सकते
ख़ाली गंदे तो gut गोदी में ख़ाली बैठे है
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