जुबान का करजा
नही समाज का दरजा
जो सामने गरजा
अकेला आरजू अरजा
जुबान का करजा
नही समाज का दरजा
जो सामने गरजा
अकेला आरजू अरजा

१०० में आगे आधे
अंदर नहीं भागे
निगले नाल नागे
पिघले पाल पागे
दलदल दले दागे
बाहर बहाए बागे
क्या कहे कागे
असुर अधूरे
घूरे पाल पूरे
समझे ()सूल सूरे
निकले नाल नूरे
for all en-qu_ries
please leave an aware message
ਸਬੈ ਇੱਛਾ ਪੂਰੀਆ ਤੇ ਅਧੂਰੀਆ
ਨਹੀ ਕੋਈ ਇਕ ਆਰੀ ਤੇ ਸਾਰੀ ਵਾਰੀ
आधा जन्म की पूर्ण ख़ाली
आधे साँस
सृष्टि गोदी बुँदिआ
मईआ
को मुबारक़
साँसों की होळि
दिल ने माल मधोली
मिल जुल ख़ाली खोली
ले आया अनु आम अमजोळी
ਤੂ ਸਾਡੀ ਖਾਲੀ ਰਜਾਈ ਨੂੰ ਆਖਾ
ਭਰਪੂਰ ਹਥ ਨਾਲ ਹੇਠਾ ਹਟਿਆ
ਤੇਰੇ ਹਥ ਭਰੁ ਰਜ ਰਜ ਆਈ
ਨਾ ਲਿਯਾਯਾ ਭਾਯੀ
_ow u ca be u w_en _ar t_usting समाज ri 1 out()id f_ew
hi_ch 1
lou_er t_an ot_er
_ore t_an 1
_ol c_an
asur ge-s_alt dense deed
0 want to cri & cut weed
cri in()id will demand feed
समाज is inexpensive indeed
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