ख़ाली खो-परे-श()न खोपड़ी खार खड़ा ख़तम खान
Category: innate
दि-खो
बहार की आखो की ()मत अदर उलझायो
सारथी अंदर निरा()रथी साथ निभायो
देखा खोखा
आँखों देखा न ब्यान कर पाई
अंदर ही घट घट घड़ाई
राट काली घटा घायल घाई
दिन न थमा थमी रजा रुला राई
ਡੇਰਾ ਡਰ
ਘੜਪੂਰ ਘਰ ਘਿ()ਰਨ ਦੁਇਆ ਦੜ੍ ਦੜ੍
ਤੇ ਖਾਲੀ ਖੜ ਬੰ(ਨੇ)ਜਾ-ਰਿਆਂ ਬਨ ਬੜਾ ਬੜ
खास
ख़ाली सांसो की-म()-की का एहसास
कैसे आए अंदर ख़ाली रास
माली मटकी महा()पवास
अभी-आ
हम आभारी
अभी-आरी, आभा-आरी, आओ-भारी
अहि गोदी के गहरे ग()म ग()म गच्छामि
सा साकि
आधे शब्दों को ख़ाली सफे से सिखता सा साकि
सफ़ेद सफा सिखाए सो साफ़ सुलाए
गोदी सुंदर सुहाए
mae be i
_es i am c_osed min_
0 _et an-y1 s_ae _lose be_ind
for 1 fr_e _eep ad_ing 0 _ind
_ar u 0 _lose
or
_ar u in()id close_
आधे आरा
आधे अपने अंदर आरा
हर युग में आधे
धूनी धन धाँसू धराहा धारा
क्या क()ते
हम तो बे()लब पत पा पान पकने पही पाते
फिर यह नाक बिना के कौन क्या किया काते
छोरी छथनी छा छल्ला तार ता तल तल्ला

You must be logged in to post a comment.