अ-ढी

गोदी में केंगति है काली कीड़ी
दुयीया मे उड़ती है पडपूर पीढी
तल तट तो ताल तीली तीडी


गोदी की ज़मीन पे सजती है शांति से अरथी
तल तट के रथ को न मिली अ और ी त()रथी

gu_sy

हाँ लो लेने लायो

आधा gut को आधे से दु()मनी

ख़ाली मन की दुआ अंदर ई की शनि

ख़ाली मणि दुश()वार ध्वनि

बे()बान

ज़ुबान जी जात क्या भरपूर मा-बाप ने बनायी
जो दिन रात गोदी की ख़ाली मा ने परेशानी पायी
बेजुबान ससुर को सास सडपूर सही सायी
ले आया अदर बूढ़ा वास वजह एक निभायी