खाली अनु अंदर खाली मईआ
परमा(अ)णु पु()वईआ
परम()नन्द पईआ
Category: innate
a द्विज aum()tea माँ monk
emp_tee 1 _urn 2 1/2 _ies
here co_es 3rd cal_ 1/2 c_ies
आधे आम आये
कुछ ()नाम जो जह जये
आधे क़ब्र के कंधार कह कहे
मरी हुई (बेटी, बहन, मां, स्मा(दा)ज) सहे साये
जिसके अंदर किसी को नज़र नहीं नाये
सृष्टि गोदी गी गृह()स्थी आली आम आये
pit – ()या-नी
आधे is res()ting wi-thin aum()tea स()बर
in()id em_tee कब()र
दुहाई देर है
आज आधा सूखा पडा पेड है
तो इसका बलमत
सृष्टि गोदी आधे
धोखा डेढ़ है
नहीं नहीं ढ़ाई
स्वा सेर है
8-8
हमारी गोदी गा गहना ग()य
भर भर भे भेटते अदर भय
और बाटते बाहर बाया बाय बय
सेसा ससुर-सास सा सूरा सहना
कितने पोते दोहते है तुम-हैरी सास के
आधा जन्म के एक-एक मिला के होगे
0-0 *
ti()t _ar
pu_g मroad मारे
तुम पाप का मल-मूत्र त्याग हर रोज क्यों नहीं करते
ध्यानी की हमें म्यानि की साँस समाने साथि सौ
तुम रात रही रह रह दस्ते
१ ()ध्यास
जिसको हराते है वोह क्या डरता डय
बूँदियो को मारे हा(र)का ध(क)रता धय
अदर बाहर जमाये जाल जय जय
मेल मिलयो माला मैल मय
निरंतर जंतर
ख़ाली सांसो के अंदर सम्पूर्ण शांति
जिसके ऊपर-निचे आमने-सामने इधर-उधर अंदर-बाहर
नहीं खड़ी हो सकती बटी हुई आधा जन्म की एक शक्ति
m(a-i)c-ro healing
ऊपर का नीचे का
विनाशकाले विपरीतबुद्धिः
जिस ध्यान से घर के अंदर mic-ro gut की
पाचनशक्ति की विपत्तियों को दूर किया जाता है
उसी तरह सृष्टि गोदी की शक्ति अंदर m-ac_ro gut
के ध्यान से विपरीत बुद्धि को नष्ट करती है
सबसे पहले अपने अंदर के ध्यान को ख़ाली करे
ताकि ध्यान को पता हो धार किसे काट रही है
चोट तो लगेगी ही काटने से
उस चोट का क्या फायदा जो
अदर सास को बाट के बाहर बटे

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