पूरा 0

0 का भार है y-0-s in()id u अदर की एक दुनिया के ऊपर के कधे बहुत ताकतवर है न


उठा ही लेगे


सब को मिलाकर कर एक ही हुये न


लेकिन सभी की 0 तो अलग अलग है न

कौन सुलझायेगा अदर

दि-खावे के परि-नाम

सास को भरपूर दामाद के नंगेपन के दिखावे की हदो की सीमा का एहसास नहीं होता

(सीमा का बल-मत तो इधर उधर का सारा परिणाम हुया न)


जब परिणाम अच्छा है तो कहती है


i am blessed with on wor_d in()id


और जब परिणाम बुरा है तो दिखाती है


मेरे घर को खाली नज़र लग गयी
भरपूर कमजोर ही गयी है

भरपूर आशा और भरपूर निराशा
तूतू में में दुनिया की भरपूर एक भाषा