ख़ाली सांसो को दिखाना-सुखाना भी क्या जरूरी होता है
ल-लो लान लो
गोदी का ख़ाली ज़माना भी सारा पुराण माना ख़ाली होता है
भीतर ही बहे ख़ाली आम सारा संसार धोता है
ख़ाली सांसो को दिखाना-सुखाना भी क्या जरूरी होता है
ल-लो लान लो
गोदी का ख़ाली ज़माना भी सारा पुराण माना ख़ाली होता है
भीतर ही बहे ख़ाली आम सारा संसार धोता है
अक्ल क्या घास चरने गयी है
तू तू मे मे की शकल गोदी मे आती गाय है जिसे दुनिया का एक एक छू नही सकता
यह इज़्ज़त मिलती है गोदी को घरो के अदर
ज़ुबान की शकल दामाद से मैच करती है
मूह फेर भरने के हेर है
y _ust & _reed b_inging _ol _@_iet-y in()id u is
re_ult of y1 li()e_tyl que-st()ioning
wit()in _ap of na()ure’ em()tee _ile
an em()tee mother never _rings off(c)end for a c_ild is kic_in _egs in()id wom_
for y chi_d is _earning to di_ect on man’ _ol si_ _tic _ith &s un_war in()id tom_
for u _ill _ever _av total ca_aci()ti of /cep_ion to _eel wit()in c_ild kic_in wit()in _omb
क्या
अपवित्र असुर दुनिया मे गिरे एक नही होते
तो क्या इंसान भी गोदी मे पड़े ख़ाली नही होते
ਖਾਲੀ ਨਕ-ਥਕ ਕਿਊ ਦੁਖੀ ਹੋਏਗੀ ਸਾਰਾ ਸੰਸਾਰ ਨੂੰ ਦੇਖ ਕੇ
ਭਰਪੂਰ ਰਖ ਤੁਤੁ ਮੇ ਮੇ ਦੀ ਦੁਨੀਆ ਵਿਚ ਇਕ ਇਕ
ਅੰਦਰ ਖੁਦ ਨਾ ਔਖਾ ਵੇਖ ਕੇ
सृष्टि गोदी के ख़ाली दिखावे का ख़ाली मान अंदर भरपूर रखना
कौन सिखाएगा अपवित्र असुरो को अदर ना भरपूर चखना
o सृष्टि गोदी की मईया
ख़ाली शुन्य हो पूर्ण विवरण की वर्णमाला के ख़ाली अक्षरों का धर्मा
mae aum()tea shunea is to()tal absolute dia lit
each breath’ mandala of all em()tee realms of em()tee being
hol 1 dark_ess e*pelling in(out)id purging
within aum()tea विद्या
आधे है पूर्ण मंत्र का इधर-उधर का ख़ाली मात्रा
आधा भगाये भरपूर तत्र का इधर-उधर का भरपूर यात्रा
आधे का श्राप हो या फिर काली माता का
लात तो एक के ऊपर ही रहेगी
धड़ा धड़ धड़-धड़ खड़े हो रहे है हर सास के अदर
बिना चैन के
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