गोदी की चुपी से कुछ कुछ सारा होता है खटा खट
कच्ची ईंटे एक ही बारी में सफ(द-का)या चट
ताकि फिर से न भरे भरपूर in()id but2
गोदी की चुपी से कुछ कुछ सारा होता है खटा खट
कच्ची ईंटे एक ही बारी में सफ(द-का)या चट
ताकि फिर से न भरे भरपूर in()id but2
कब-रो के अदर एक सास के भरपूर दामाद
को बीमा(या)रियो के ठेके चलाने मे
बहुत म()ज़ा आता
अत के पास पा पहुचा परे
जिसमे सब एक के लीये हास्ते है
और gut गोदी के लिये खास्ते है
कब्र से कब्र धढ़ तो अदर गिरे ही नही
गले की हार की शोभा तो बड़ा रहे है
फिर भी हार का यहसास
पूरा नही है कि हो रहा
कब्र में डूबा भरपूर धढ़ बाहर निकाल के
gut संपूर्ण देवी की ख़ाली बुँदियो की
छुपी का भरपूर भायदा
भहाता भय
_car_y on _urging
car_er on _uring
car_i on pu_ing
कब्रो के अदर शोर को ऊचा मचायोगे
तो मुर्दे भी अदर भरपूर
भाव भ-भरेगे
तेरा-तेरा
जुड़ गया साथ भरपूर से भरपूर
भालो भा-रात
शीशे के सामने आते ही भरपूर
गदे गूट गपड़े
तुम तो भरपूर वर वारे न्यारे
हम तो निहार ही नहीं नाय
i fo_ _uses
to_let me()oar _uses
a_m()tea tree
no()thing _eave
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