भरपूर नाम का कोई है अदर जागा हुया
की खोता हुया की सोया हुया की नहीं
लुड़का हुया की कहा है जो
खोने से भी नहीं खुलता
भरपूर नाम का कोई है अदर जागा हुया
की खोता हुया की सोया हुया की नहीं
लुड़का हुया की कहा है जो
खोने से भी नहीं खुलता
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भरपूर y po()ing st()if
एक सास के दामाद की भरपूर
ज़ुबान की होश्यारी अदर के लोगो की
भरपूर च()ला-की, च(तु)राई में
भरपूर बेश()मी से है
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भरपूर नायक हू इसी लिये
लायक भरपूर hu-ma_n
क()मो के भरपूर दिन हर रोज बदलते है
कम भरपूर बढ़ता ही जाये
उचाईयो के जुरम
—
gut गोदी का दिन तो सारा ख़ाली हमारा
भरपूर के पास जिन जिन की दागियो
के सिवाये अपना है ही क्या
गोदी के बच्चो का दुरुपयोग लिए बगैर
भरपूर कर सकता है भरपूर प्यार का इज़हार
gut गोदी का सावन भरपूर के लिये बरसेगा
गोदी के gut का सगा है न
तू तेरा भीख भरपूर सीख
आखे राखि भरपूर चीख
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