gut गोदी में अकेले जन्म लेने से
अकेली गोदी में अकेली gut मईया की
शक्ति रूपेण शत शत
स्वरूपं सम्पूर्ण स्थान
gut गोदी में अकेले जन्म लेने से
अकेली गोदी में अकेली gut मईया की
शक्ति रूपेण शत शत
स्वरूपं सम्पूर्ण स्थान
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re()ach_ng out()id
as this _ime is
the-_ape-u-tic
_urg में रुका(कर)वटे डालने से
भरपूर को साधना _ut मिलेगे
मुखोटे भी _tile से खिलेगे
आँखों को भुलाये भरपूर ज़िले रगेगे
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_tat()ion-aree plan_et
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भरपूर _orr-y
ਬਿਨਾ _noc_ ਕੀਤੇ ਈ
ਅਗ ਅੰਗ c ਰੇਜੀ ਚੜੇ ਹੋਏ ਆ
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y _ew id()as o_en
th@ ()old _oor
अच्छी आदतों का बटता है फलूदा भरपूर दुनिया में
आदतो की दगी न बनने दे भरपूर को जादू की अंदर झड़ी
जागी जाग जगाये जा
जाग जाये जो जुबान
जागो जी जड़ी न झड़ी अदर जगि जान
जागो के जाड़ की जति
जोड़ जी जाने झर-पूर जोड़ी
किस-मत भरपूर मेहरबान
लाये दगी के अदर मे()मान
जी चाहिये अदर मेरी मान
लूटी लूटी है आखो की आन
फूटी आन फोट जाये ध्यान
प्रतिमा और अफसर कौन से भरपूर के पास सामान भरपूर है
तभी तो इतने अफसर खो दिये एक जन्म में
भरपूर की मन जिल चा()की है
इरादो की तकरी झाकी है
मुठी भर ज़मीन ला की है
तोलना सामान क्या बाकी है
भरपूर से बड़ा नहीं कोई शौ-चाल()य को भय
बीमा या रियो से बढ़कर नहीं कोई शय
सास के दामाद जैसा परीक्षक भरपूर शक का शरय
लुटा शक लोटाये भरपूर शय का भय
सास का विश(का)वास करता है भरपूर का पूरा नास
जरूरते कामयाब नसीब भरपूर नकाब
चेहरे भूले रास्ता अदर न मिले रुकाव
खिल खिल खेलता रहे भरपूर झुकाव
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