gut गोदी के लिए सीधा ख़ाली अखर नही बोल सकते
और तूतू मे मे दुनिया को दे राखी है
भरपूर जुबान की भरपूर लगाम
असुरो की सास के दामाद की gen जाम
gut गोदी के लिए सीधा ख़ाली अखर नही बोल सकते
और तूतू मे मे दुनिया को दे राखी है
भरपूर जुबान की भरपूर लगाम
असुरो की सास के दामाद की gen जाम
_aw a()ding as-ur
1 wor_d _ol sas-ur
gut nature godi’
_eed()ach
भरपूर बीमा(या)रिया अदर backyard
असुर के सास के दमाद की मह()भारत in()id _ard
mat_er /sis-t y in()id u hol bar(ru)n_ard
no_od_y can _rag me _own
i thi_k y in()id u _an
dung-er
ਪਾਥੀ ਦੇ ਨਾਇਕ ਹੁੰਦੇ ਨੇ
_umb शरीर बैठ के उगलिया नचाते है
खड़े हो के भी चुगलिया खड़ी ही रहती है
तुम-हारे थथे पे जिन्दु नहीं है
हम नी हाथ लगाते ऐसे वैसे
दाई बाई भरपूर को
mandalalit is not _rafting
भरपूर co_tent un()not
भरपूर _@_@_ _aising
eieb()ow burrow
भरपूर tent
ca_m _o_n
_eaving भरपूर no_se up f()o_n
गोदी के दिये अन्न से फैली
अदर की बीमा(या)रियो से भरपूर
खुश नहीं है जो
थोड़ा भरपूर है भरपूर थोड़े की जरूरत है
जान के भी अन-जान की भरपूरत है
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