everithing is @y() _oor _tep is in()ide y() ever()hing
———–
nothing comes within breathing be()ome no()ing
everithing is @y() _oor _tep is in()ide y() ever()hing
———–
nothing comes within breathing be()ome no()ing
nobo_y gets out of
_ere al2ive in()ide
y() _un()le
e*act-li y()s
un()not need to
go wit_out
y do that sae
to()tal within water is me-mo()ree (on-lee half of this-that)
hav thae e*()erience this ha_f in()ide
_ill in _lank bie y()s-lf
y()s let u dis()up_ this no for that which one un()not @ a_war
u hav _een re()oov from _lack()ot _ann_l
_oops tran_()lant
कितने मुखोटे पहनो
किसी सास के जनम के अंदर चाहे
आँखों तो ख़ाली बंद कभी नहीं होंगी
चलो फिर भरी ही लेके चलते है
मिट्टी का शरीर कैसे उड़ायेंगे
खड़ा करना सीख किया है क्या
अब ये मिटटी के टिक्के लगाने से क्या होगा
तुमने गोदी की ख़ाली शक्ति का दुरूपयोग भीतर किया
अपने हे अंदर के बच्चे को वा()ना से मज़बूर किया
भरी सास को उड़ने का फितूर लिया
जनम के अंदर असुर को ही भरपूर किया
कितनी आसानी से गोदी के जानवर को बैठना सीखा दिया
और
अंदर का जानवर सास के अंदर हर जनम मैं उड़ रहा है
नहीं चाहिये गले की घंटी
टूटू बजाये भीतर बंटी
लेके इधर उधर भारी टंकी
ले आयो अंदर सेन की तनकी
तुम्हारे भाई को बोल बला है
क्या करता है भाई तुम्हारी बूटी की
बीवी(wi-fi) के अंदर
वा()ना भरता है
यह ससुर का भाई क्यों ख़ाली बैठा है
सास को तग करना है
टग
You must be logged in to post a comment.