i-m-()art-ing g(ut)odi
सास को फे()हमी बहुत है
अदर की दामाद की-ती गलफियो की
ज़िन्दगी नहीं हारे अभी तक है बाकी दगी
जो भरपूर सर के आगे न रूकती ठगी
y _ame _if a()m
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सास को फे()हमी बहुत है
अदर की दामाद की-ती गलफियो की
ज़िन्दगी नहीं हारे अभी तक है बाकी दगी
जो भरपूर सर के आगे न रूकती ठगी
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