भरपूर सुधरा अंदर से तुम नहीं उठोगे
हा तो सत्ता रहने दो
भरपूर आखो की
भरपूर सुधरा अंदर से तुम नहीं उठोगे
हा तो सत्ता रहने दो
भरपूर आखो की
घर घर के भरपूर कमीनो से अछा है
भरपूर कमीने का अदर
एक भरपूर घर
gut-gut के जीने से अछा है
2 g_oot अदर ही मर भरपूर काली लू
हा तो gut रोका है
सबके दिल मे भरपूर का
तुम-हारे
आ जाने से भरपूर
सस्ता गुम
भरपूर के पास तो अपनी
सास यही है
तो फिर भरपूर शादी
गुप्त रोग गहरा गल
बचपन से ही तुमने हम को अंदर
बिगड़े हुए होने का धोखा का झरोखा
निकला बाहर भरपूर खोखा
भरपूर मेले में
कुम्भ के कारन की कैसी कोटि
है भरपूर कि_मत
in-s_ir()ation गया है
भरपूर आखो का राशन
भरपूर भरने
गोदी में तो कोई काम ख़ाली नहीं है
और दामाद को तूतू में में दुनिया की
भरपूर सास ज़मीन की नियो
के उपर उड़ानी है
उड़ उड़ रेह्न्दे
भरपूर डूबा मेरा है
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gut nature godi’
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